बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह) — Flashcards
Assam Board · Class 12 · Hindi
20 flashcards for बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह) (Assam Board Class 12 Hindi) to test yourself on key terms and facts.
Interactive on Super Tutor
Studying बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह)? Get the full interactive chapter.
Quizzes, flashcards, AI doubt-solver and a step-by-step study plan — built for flashcards and more.
Free trial, no card needed.

Learn better with visuals Super Tutor pairs illustrations like this with notes and quizzes for बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह).
केदारनाथ सिंह का जीवन-परिचय क्या है?
Answer
केदारनाथ सिंह का जन्म १९३४ में बलिया जिले के चकिया गाँव में हुआ और २०१८ में उनका निधन हुआ। उन्होंने काशी हिंदू विश्वविद्यालय से हिंदी में एम.ए. किया तथा ‘आधुनिक हिंदी कविता में बिंब-विधान’ विषय पर पीए…
‘बनारस’ कविता का केंद्रीय विषय क्या है?
Answer
‘बनारस’ कविता में बनारस को शिव की नगरी, गंगा के साथ आस्था का केंद्र और सांस्कृतिक वैभव वाले नगर के रूप में दिखाया गया है। इसमें शहर की आध्यात्मिकता, परंपरा, भक्ति, रहस्य और बनारसी जीवन-लय एक साथ सामने…
बनारस में वसंत का आगमन कैसा दिखाया गया है?
Answer
बनारस में वसंत अचानक आता है। उसका आगमन धूल के बवंडर, शहर की जागी हुई-सी जीभ, घाटों की मुलायमता, बंदरों की आँखों की नमी और भिखारियों के कटोरों में उतरती चमक के माध्यम से चित्रित है।…
‘तुमने कभी देखा है खाली कटोरों में वसंत का उतरना!’ पंक्ति का क्या अर्थ है?
Answer
इस पंक्ति में वसंत को एक जीवंत और चमत्कारी अनुभव के रूप में दिखाया गया है। खाली कटोरों में वसंत का उतरना भिखारियों के कटोरों में अचानक चमक, आशा और जीवन-रस भर जाने का प्रतीक है।…
बनारस की ‘धीरे-धीरे होने की सामूहिक लय’ से क्या पता चलता है?
Answer
इससे बनारस की स्थिरता, परंपरा और गहरी एकरूपता प्रकट होती है। यहाँ धूल, लोग, घंटे और शाम सब धीरे-धीरे होते हैं, और यही सामूहिक लय शहर को बाँधकर रखती है।…
‘यह आधा जल में है / आधा मंत्र में / आधा फूल में है’ — इस चित्र से क्या समझ आता है?
Answer
यह बनारस के भौतिक और आध्यात्मिक रूप को जोड़ने वाला बिंब है। शहर एक ओर गंगा के जल से जुड़ा है, दूसरी ओर मंत्र, फूल, शव, नींद, शंख और अर्घ्य जैसी धार्मिक-सांस्कृतिक छवियों से।…
‘अपनी एक टाँग पर खड़ा है यह शहर / अपनी दूसरी टाँग से बिलकुल बेखबर!’ का क्या अर्थ है?
Answer
यह पंक्ति बनारस के प्रतीकात्मक और मानवीकृत रूप को दिखाती है। शहर गंगा में खड़े होने, पूजा-पाठ, आस्था और परंपरा के सहारे टिका हुआ है, फिर भी अपनी दूसरी ओर की अनदेखी में डूबा हुआ लगता है।…
दशाश्वमेध का क्या महत्व है?
Answer
दशाश्वमेध बनारस के एक घाट का नाम है जहाँ पूजा, स्नान आदि होते हैं। कविता में यह बनारस के धार्मिक जीवन और उसकी दैनिक पवित्रता का संकेत बनता है।…
+12 more flashcards
Practise AllFrequently Asked Questions
What are the important topics in बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह) for Assam Board Class 12 Hindi?
How many flashcards are available for बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह)?
How should I revise बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह) for the Assam Board Class 12 board exam?
Sources & Official References
Content is aligned to the official syllabus. Refer to the board website for the latest curriculum.
More resources for बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह)
Practice Quiz
Test yourself with a quick quiz
Important Questions
Exam-style questions with answers
Revision Notes
Key points for last-minute revision
Chapter Summary
Understand the chapter at a glance
Concept Maps
See how topics connect
Study Plan
Step-by-step plan for this chapter
Syllabus
What topics to cover
NCERT Solutions
Every textbook question solved step by step
For serious students
Get the full बनारस / दिशा (केदारनाथ सिंह) chapter — start free.
Quizzes, flashcards, an AI doubt solver and a study plan for Assam Board Class 12 Hindi. Free to start, no card needed.