तुम कब जाओगे, अतिथि
Jharkhand Board · Class 9 · Hindi
Flashcards for तुम कब जाओगे, अतिथि — Jharkhand Board Class 9 Hindi. Quick Q&A cards covering key concepts, definitions, and formulas.
Interactive on Super Tutor
Studying तुम कब जाओगे, अतिथि? Get the full interactive chapter.
Quizzes, flashcards, AI doubt-solver and a step-by-step study plan — built for flashcards and more.
1,000+ Class 9 students started this chapter today

This is just one of 6+ visuals inside Super Tutor's तुम कब जाओगे, अतिथि chapter
Explore the full setशरद जोशी का जन्म कब और कहाँ हुआ था?
Answer
शरद जोशी का जन्म 21 मई 1931 को मध्य प्रदेश के उज्जैन शहर में हुआ था। उनका बचपन कई शहरों में बीता और वे हिंदी के प्रमुख व्यंग्यकार थे।…
व्यंग्य क्या है और इस पाठ में इसका क्या उद्देश्य है?
Answer
व्यंग्य एक साहित्यिक विधा है जो हास्य के माध्यम से सामाजिक बुराइयों और विसंगतियों पर प्रहार करती है। इस पाठ में लेखक ने अवांछित अतिथियों की समस्या पर व्यंग्य किया है जो मेजबान पर भारी पड़ते हैं।…
अतिथि कितने दिनों से लेखक के घर रह रहा है और यह कैसे पता चलता है?
Answer
अतिथि चार दिनों से लेखक के घर रह रहा है। यह कैलेंडर की तारीखों से पता चलता है जिन्हें लेखक अतिथि को दिखाकर बदल रहा है, लेकिन अतिथि पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता।…
'अतिथि देवो भव:' की परंपरा का इस पाठ में क्या महत्व है?
Answer
भारतीय संस्कृति में 'अतिथि देवो भव:' की परंपरा है, लेकिन लेखक व्यंग्य के माध्यम से दिखाता है कि जब अतिथि अनुचित समय तक रुकता है तो यह परंपरा मेजबान के लिए समस्या बन जाती है। लेखक कहता है कि 'अतिथि देव…
लेखक ने अतिथि के स्वागत में क्या विशेष व्यवस्था की थी?
Answer
लेखक और उसकी पत्नी ने अतिथि के स्वागत में रात के साधारण भोजन को 'उच्च-मध्यम वर्गीय डिनर' में बदल दिया था। दो सब्जियों और रायते के अलावा मीठा भी बनाया था। दूसरे दिन लंच की गरिमा प्रदान की और सिनेमा भी …
'तुम्हारे सामीप्य की वेला एकाएक यों रबर की तरह खिंच जाएगी' - इस वाक्य का क्या अर्थ है?
Answer
यह वाक्य तब आया जब अतिथि ने तीसरे दिन कपड़े धोबी को देने की बात कही। इसका अर्थ है कि अतिथि के साथ बिताया जाने वाला समय रबर की तरह और भी लंबा खिंच जाएगा। यह अतिथि के अधिक दिन रुकने का संकेत था जो लेखक …
लेखक की पत्नी की 'बड़ी-बड़ी आँखें' किस बात का प्रतीक हैं?
Answer
पत्नी की बड़ी-बड़ी आँखें आशंका और भय का प्रतीक हैं। वे इस डर से बड़ी हुई थीं कि अतिथि अधिक दिनों तक रुकेगा। लेखक कहता है कि पहले ये आँखें देखकर वह प्रेम में पड़ा था, लेकिन अब ये आँखें उसका मन छोटा कर …
सत्कार में डिनर से खिचड़ी तक का सफर क्या दर्शाता है?
Answer
यह सत्कार की ऊष्मा के समाप्त होने को दर्शाता है। पहले दिन उच्च-मध्यम वर्गीय डिनर था, दूसरे दिन लंच, तीसरे दिन खिचड़ी और आगे उपवास तक जाना पड़ेगा। यह मेजबान की आर्थिक सीमाओं और बढ़ती परेशानी को दिखाता …
+12 more flashcards available
Practice AllFrequently Asked Questions
What are the important topics in तुम कब जाओगे, अतिथि for Jharkhand Board Class 9 Hindi?
How to score full marks in तुम कब जाओगे, अतिथि — Jharkhand Board Class 9 Hindi?
How many flashcards are available for तुम कब जाओगे, अतिथि?
Sources & Official References
Content is aligned to the official syllabus. Refer to the board website for the latest curriculum.
More resources for तुम कब जाओगे, अतिथि
Important Questions
Practice with board exam-style questions
Syllabus
What topics to cover
Revision Notes
Key points for last-minute revision
Study Plan
Step-by-step plan to ace this chapter
Formula Sheet
All formulas in one place
Chapter Summary
Understand the chapter at a glance
Practice Quiz
Test yourself with a quick quiz
Concept Maps
See how topics connect visually
NCERT Solutions
Every textbook question solved step by step
For serious students
Get the full तुम कब जाओगे, अतिथि chapter — for free.
Quizzes, flashcards, AI doubt-solver and a step-by-step study plan for Jharkhand Board Class 9 Hindi.