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Chapter 5 of 12
NCERT Solutions

सुंदरिया — NCERT Solutions

CBSE · Class 5 · Hindi

NCERT Solutions for सुंदरिया, CBSE Class 5 Hindi: 43 textbook questions solved step by step. Part of the CBSE Class 5 Hindi syllabus.

45 questions32 flashcards5 concepts

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43 Questions Solved · 13 Sections

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बातचीत के लिए

1जवाहरसिंह अपनी गाय को मौसी कहकर बुलाता है। आप अपने घर या आस-पास के पशु-पक्षियों को क्या कहकर पुकारते हैं?Show solution

यह प्रश्न आपके व्यक्तिगत अनुभव पर आधारित है। उत्तर के लिए संकेत: हम अपने घर या आस-पास के पशु-पक्षियों को प्यार से अलग-अलग नाम देते हैं। जैसे — घर की गाय को 'गौरी', कुत्ते को 'टॉमी' या 'मोती', बिल्ली को 'मिनी', तोते को 'मिट्ठू' आदि कहकर पुकारते हैं। कुछ लोग उन्हें परिवार के सदस्यों की तरह 'दादी', 'मामा', 'भैया' आदि संबोधनों से भी बुलाते हैं क्योंकि वे उनसे बहुत प्रेम करते हैं।

2सुंदरिया के दूर चले जाने के बाद जवाहरसिंह को कैसा लगा होगा? जब आपका कोई प्रिय आपसे दूर हो जाए तो आपको कैसा लगता है?Show solution

सुंदरिया के दूर चले जाने के बाद जवाहरसिंह को बहुत दुख हुआ होगा। वह सुंदरिया को मौसी कहकर बुलाता था, इसलिए उसके जाने से उसे ऐसा लगा होगा जैसे परिवार का कोई प्रिय सदस्य बिछड़ गया हो। वह उदास और अकेला महसूस करता होगा तथा बार-बार सुंदरिया को याद करता होगा। जब हमारा कोई प्रिय हमसे दूर हो जाता है तो हमें भी बहुत दुख होता है, मन उदास रहता है और उसकी याद बार-बार आती है।

3जवाहरसिंह सुंदरिया की देखभाल के लिए क्या-क्या करता होगा?Show solution

जवाहरसिंह सुंदरिया की देखभाल के लिए निम्नलिखित कार्य करता होगा:

  • उसे समय पर हरा-ताजा चारा और पानी देता होगा।
  • उसे नियमित रूप से नहलाता और साफ रखता होगा।
  • उसके रहने की जगह को साफ-सुथरा रखता होगा।
  • बीमार पड़ने पर पशु-चिकित्सक को बुलाता होगा।
  • उससे प्यार से बातें करता होगा और उसे सहलाता होगा।
  • उसे धूप और ठंड से बचाता होगा।
4आप अपने आस-पास के पशु-पक्षियों के लिए क्या-क्या करते हैं?Show solution

हम अपने आस-पास के पशु-पक्षियों के लिए निम्नलिखित कार्य कर सकते हैं:

  • पक्षियों के लिए छत या पेड़ पर दाना और पानी रखते हैं।
  • आवारा कुत्तों और गायों को रोटी या खाना देते हैं।
  • गर्मियों में पशु-पक्षियों के लिए पानी के बर्तन रखते हैं।
  • घायल पशु-पक्षियों की मदद करते हैं।
  • उन्हें तंग नहीं करते और न ही किसी को करने देते हैं।
  • पालतू जानवरों को समय पर खाना-पानी और दवाई देते हैं।

पाठ से (बहुविकल्पीय प्रश्न)

1लोग सुंदरिया को देखकर ईर्ष्या क्यों करते थे?
(क) सुंदरिया को खाने-पीने को बहुत कुछ मिलता था।
(ख) सुंदरिया बहुत आकर्षक थी।
(ग) सुंदरिया बहुत दूध देती थी।
(घ) सुंदरिया सभी से प्रेम करती थी।
Show solution

सही उत्तर: (ख) सुंदरिया बहुत आकर्षक थी। और (ग) सुंदरिया बहुत दूध देती थी।

कारण: सुंदरिया देखने में बहुत सुंदर और आकर्षक थी तथा वह बहुत अधिक दूध देती थी। इन्हीं दो कारणों से लोग उसे देखकर ईर्ष्या करते थे। ऐसी गुणवान और सुंदर गाय किसी के पास नहीं थी, इसलिए लोग जलते थे।

2हीरासिंह के मन में सुंदरिया को बेचने की बात क्यों आई?
(क) सुंदरिया सभी को परेशान करने लगी थी।
(ख) सुंदरिया के लिए चारे का प्रबंध करना कठिन हो गया था।
(ग) सुंदरिया हीरासिंह के घर नहीं रहना चाहती थी।
(घ) सुंदरिया पड़ोसियों को परेशान करती थी।
Show solution

सही उत्तर: (ख) सुंदरिया के लिए चारे का प्रबंध करना कठिन हो गया था।

कारण: हीरासिंह की आर्थिक स्थिति ऐसी नहीं थी कि वह सुंदरिया के लिए पर्याप्त चारे का प्रबंध कर सके। इसी कारण उसके मन में सुंदरिया को बेचने का विचार आया, न कि किसी और कारण से।

3हीरासिंह ने स्वयं को गाय की नौकरी पर लगाने की बात क्यों कही?
(क) सुंदरिया को ठीक से चारा नहीं मिलता था।
(ख) वह गाय से बिछोह सहन नहीं कर पा रहा था।
(ग) उसे रुपयों की आवश्यकता थी।
(घ) गाय घोसी के व्यवहार से प्रसन्न नहीं थी।
Show solution

सही उत्तर: (ख) वह गाय से बिछोह सहन नहीं कर पा रहा था।

कारण: हीरासिंह सुंदरिया से इतना प्रेम करता था कि उससे अलग होने की कल्पना भी उसे असहनीय लगती थी। इसीलिए उसने कहा कि वह गाय की सेवा में नौकर बनकर रहने को तैयार है, चाहे तनख्वाह कम ही मिले — बस सुंदरिया के पास रह सके।

4गाय घोसी के साथ क्यों नहीं जाना चाहती थी?
(क) गाय हीरासिंह और उसके परिवार से अलग नहीं होना चाहती थी।
(ख) गाय को भय था कि घोसी उसे स्नेह से नहीं पालेगा।
(ग) गाय को अपने गाँव के सभी लोगों की याद आ रही थी।
(घ) गाय बीमार थी और चल नहीं पा रही थी।
Show solution

सही उत्तर: (क) गाय हीरासिंह और उसके परिवार से अलग नहीं होना चाहती थी।

कारण: सुंदरिया हीरासिंह के परिवार से गहरा लगाव रखती थी। वह उनके साथ वर्षों से रही थी और उनसे उसका भावनात्मक जुड़ाव था। इसीलिए वह घोसी के साथ जाने से मना कर रही थी और बार-बार हीरासिंह की ओर देख रही थी।

सोचिए और लिखिए

1हीरासिंह गाय को बेचने से क्यों डर रहा था?Show solution

हीरासिंह गाय को बेचने से इसलिए डर रहा था क्योंकि सुंदरिया उसके परिवार का एक अभिन्न अंग बन चुकी थी। वह उससे बहुत प्रेम करता था और उसे परिवार के सदस्य की तरह मानता था। उसे डर था कि सुंदरिया के बिना वह और उसका परिवार बहुत दुखी हो जाएगा। साथ ही उसे यह भी चिंता थी कि नए मालिक के यहाँ सुंदरिया की उचित देखभाल नहीं होगी और वह उसे स्नेह नहीं देगा। इस बिछोह की पीड़ा की कल्पना मात्र से ही वह भयभीत हो जाता था।

2सेठ हीरासिंह की गाय को देखकर क्यों प्रसन्न हुआ?Show solution

सेठ हीरासिंह की गाय सुंदरिया को देखकर इसलिए प्रसन्न हुआ क्योंकि सुंदरिया वास्तव में असाधारण रूप से सुंदर और स्वस्थ गाय थी। सेठ ने अपने जीवन में इतनी सुंदर, स्वस्थ और अधिक दूध देने वाली गाय पहले कभी नहीं देखी थी। एक व्यापारी की दृष्टि से भी ऐसी गाय बहुत मूल्यवान थी। सुंदरिया की सुंदरता, स्वास्थ्य और दूध देने की क्षमता देखकर सेठ को लगा कि उसे बहुत अच्छा सौदा मिल रहा है, इसीलिए वह प्रसन्न हुआ।

3"तुमने मुझे धोखे में क्यों रखा?" सेठ ने हीरासिंह से ऐसा क्यों कहा?Show solution

सेठ ने हीरासिंह से यह इसलिए कहा क्योंकि हीरासिंह ने सुंदरिया को बेचते समय सेठ को यह नहीं बताया था कि सुंदरिया कितनी असाधारण गाय है — वह कितनी सुंदर है, कितना दूध देती है और उसके क्या-क्या गुण हैं। जब सेठ ने स्वयं सुंदरिया को देखा तो वह उसकी सुंदरता और गुणों को देखकर चकित रह गया। उसे लगा कि हीरासिंह ने जानबूझकर इन बातों को छुपाया और उसे अंधेरे में रखा, इसीलिए उसने कहा — "तुमने मुझे धोखे में क्यों रखा?"

4सेठ के कुछ कहने से पहले ही हीरासिंह गाय को लेकर क्यों चल दिया?Show solution

हीरासिंह सेठ के कुछ कहने से पहले ही गाय को लेकर इसलिए चल दिया क्योंकि वह सुंदरिया से बिछड़ने की पीड़ा को और अधिक सहन नहीं कर पा रहा था। जब उसने देखा कि सुंदरिया घोसी के साथ जाना नहीं चाहती और उसकी आँखों में भी विदाई का दुख है, तो उसका मन भर आया। उसे लगा कि यदि वह और रुका तो वह अपने आँसू नहीं रोक पाएगा और सेठ के सामने कमज़ोर पड़ जाएगा। साथ ही उसके मन में यह भावना भी थी कि वह सुंदरिया को वापस अपने साथ ले जाना चाहता था, इसलिए वह बिना कुछ सुने गाय को लेकर चल दिया।

सुंदरिया और हीरासिंह

1कहानी में सुंदरिया की बहुत-सी विशेषताओं का पता चलता है। उन विशेषताओं को नीचे लिखिए।Show solution

सुंदरिया की विशेषताएँ:

  1. वह बहुत आकर्षक और सुंदर है।
  2. वह बहुत अधिक दूध देती है (कामधेनु के समान)।
  3. वह स्वस्थ और हृष्ट-पुष्ट है।
  4. वह अपने मालिक हीरासिंह और उसके परिवार से गहरा प्रेम करती है।
  5. वह भावनाओं को समझती है — जब हीरासिंह दुखी होता है तो वह भी उदास हो जाती है।
  6. वह वफादार है — नए मालिक के साथ जाने से मना करती है।
  7. वह शांत और सौम्य स्वभाव की है।
2अब आप हीरासिंह की विशेषताओं को अपनी लेखन-पुस्तिका में लिखिए।Show solution

हीरासिंह की विशेषताएँ:

  1. वह एक दयालु और संवेदनशील व्यक्ति है।
  2. वह अपने पशुओं से परिवार के सदस्यों जैसा प्रेम करता है।
  3. वह ईमानदार है — सुंदरिया को बेचने के बाद भी उसे पछतावा होता है।
  4. वह भावुक है — सुंदरिया से बिछड़ने की कल्पना मात्र से उसकी आँखें भर आती हैं।
  5. वह जिम्मेदार है — परिवार की आर्थिक ज़रूरतों के लिए कठिन निर्णय लेता है।
  6. वह परिश्रमी है — सेठ के यहाँ चौकीदार की नौकरी करता है।
  7. वह स्नेही पिता है — जवाहरसिंह उससे सुंदरिया के बारे में पत्र लिखकर पूछता है।

समझ और अनुभव

1क्या आपको लगता है कि पशु-पक्षी भी हमारी भावनाएँ समझते हैं? कोई अनुभव साझा कीजिए।Show solution

हाँ, मुझे पूरा विश्वास है कि पशु-पक्षी हमारी भावनाएँ समझते हैं। जब हम खुश होते हैं तो हमारे पालतू जानवर भी उत्साहित हो जाते हैं और जब हम दुखी होते हैं तो वे भी शांत और उदास हो जाते हैं।

उदाहरण: एक बार जब मैं बीमार था और बिस्तर पर लेटा था, तो हमारा कुत्ता 'मोती' मेरे पास आकर बैठ गया और मेरे हाथ को चाटने लगा। वह सारा दिन मेरे पास ही रहा, जैसे वह मुझे सांत्वना दे रहा हो। इससे स्पष्ट होता है कि पशु-पक्षी हमारी भावनाओं को भलीभाँति समझते हैं।

2जवाहरसिंह सुंदरिया को मौसी कहकर क्यों संबोधित करता होगा?Show solution

जवाहरसिंह सुंदरिया को मौसी कहकर इसलिए संबोधित करता होगा क्योंकि:

  1. सुंदरिया उनके परिवार में बहुत लंबे समय से थी और परिवार के सदस्य की तरह हो गई थी।
  2. जिस प्रकार मौसी बच्चों को दूध पिलाती है और उनकी देखभाल करती है, उसी प्रकार सुंदरिया भी परिवार को दूध देकर पालती थी।
  3. जवाहरसिंह बचपन से सुंदरिया का दूध पीकर बड़ा हुआ होगा, इसलिए उसने उसे माँ के समान मौसी का दर्जा दिया।
  4. यह संबोधन उनके पशु के प्रति गहरे प्रेम और आत्मीयता को दर्शाता है।
3हम देखते हैं कि नगरों में बड़े पशुओं (गाय, भैंस, ऊँट आदि) को पालतू बनाने वाले लोगों की संख्या बहुत कम है। आपको इसके क्या कारण लगते हैं?Show solution

नगरों में बड़े पशुओं को पालने वाले लोगों की संख्या कम होने के निम्नलिखित कारण हैं:

  1. स्थान की कमी: नगरों में छोटे-छोटे मकान और फ्लैट होते हैं जहाँ बड़े पशुओं के रहने की जगह नहीं होती।
  2. चारे की समस्या: नगरों में हरे चारे की उपलब्धता बहुत कम और महँगी होती है।
  3. व्यस्त जीवनशैली: नगरों के लोग इतने व्यस्त होते हैं कि पशुओं की देखभाल के लिए समय नहीं निकाल पाते।
  4. नियम-कानून: कई नगरों में बड़े पशु पालने पर प्रतिबंध या नियम होते हैं।
  5. आर्थिक कारण: पशु-चिकित्सा और देखभाल का खर्च अधिक होता है।
  6. दूध की उपलब्धता: नगरों में डेयरी और पैकेट दूध आसानी से मिल जाता है, इसलिए पशु पालने की आवश्यकता नहीं लगती।
4पशु-पक्षी मनुष्य की तरह बोल तो नहीं पाते परंतु वे भी आपस में अपनी बातें करते होंगे। क्या आप इस बात से सहमत हैं? अपने उत्तर के लिए उदाहरण भी दीजिए।Show solution

हाँ, मैं इस बात से पूरी तरह सहमत हूँ कि पशु-पक्षी भी आपस में अपनी बातें करते हैं। वे भले ही मनुष्य की भाषा में नहीं बोलते, परंतु उनकी अपनी भाषा होती है जिसे वे भली-भाँति समझते हैं।

उदाहरण:

  1. पक्षी: जब कोई खतरा आता है तो एक पक्षी विशेष प्रकार की आवाज़ करता है और सभी पक्षी उड़ जाते हैं — यह उनकी चेतावनी की भाषा है।
  2. गाय: जब बछड़ा भूखा होता है तो वह रँभाता है और माँ गाय उसे पहचानकर उसके पास आ जाती है।
  3. कुत्ते: कुत्ते अपनी पूँछ हिलाकर, भौंककर और अलग-अलग आवाज़ें निकालकर अपनी बात कहते हैं।
  4. चींटियाँ: चींटियाँ एक-दूसरे को स्पर्श करके खाने की जगह का पता बताती हैं।

इस प्रकार स्पष्ट है कि पशु-पक्षियों की अपनी भाषा होती है।

अनुमान और कल्पना

1गाय का नाम 'सुंदरिया' किसने एवं क्यों रखा होगा?Show solution

गाय का नाम 'सुंदरिया' संभवतः हीरासिंह या उसके परिवार के किसी सदस्य ने रखा होगा। यह नाम इसलिए रखा गया होगा क्योंकि यह गाय देखने में अत्यंत सुंदर और आकर्षक थी। उसका रंग, उसकी बनावट, उसकी आँखें — सब कुछ इतना मनमोहक था कि उसे देखकर सभी मुग्ध हो जाते थे। 'सुंदरिया' नाम उसकी इसी असाधारण सुंदरता को दर्शाता है। यह भी संभव है कि जब वह बछिया थी तभी से वह इतनी सुंदर थी कि परिवार ने उसे प्यार से 'सुंदरिया' कहना शुरू कर दिया और यही उसका नाम पड़ गया।

2हीरासिंह के घर से सुंदरिया की विदाई के दृश्य की कल्पना कीजिए।Show solution

हीरासिंह के घर से सुंदरिया की विदाई का दृश्य बहुत मार्मिक रहा होगा:

घर के सभी सदस्य सुंदरिया के पास आए होंगे। हीरासिंह की पत्नी की आँखें भर आई होंगी। जवाहरसिंह सुंदरिया के गले से लिपट गया होगा और रोने लगा होगा। सुंदरिया भी बार-बार अपने मालिक की ओर देख रही होगी, जैसे पूछ रही हो — "क्या मुझे सच में जाना होगा?"

हीरासिंह ने भारी मन से सुंदरिया के माथे पर हाथ फेरा होगा और उससे विदा ली होगी। घोसी जब रस्सी खींचकर उसे ले जाने लगा तो सुंदरिया के पाँव जैसे जम गए होंगे। वह बार-बार पीछे मुड़कर देखती रही होगी। हीरासिंह खड़ा देखता रहा होगा और उसकी आँखों से आँसू बह रहे होंगे। पड़ोसी भी यह दृश्य देखकर भावुक हो गए होंगे।

3सुंदरिया को वापस घर लेकर जाते हुए हीरासिंह को कैसा लग रहा होगा एवं क्यों?Show solution

सुंदरिया को वापस घर लेकर जाते हुए हीरासिंह को अत्यंत प्रसन्नता और राहत का अनुभव हो रहा होगा। उसका मन हल्का हो गया होगा क्योंकि जो बोझ उसके दिल पर था — सुंदरिया को बेचने का दुख — वह उतर गया होगा।

वह सुंदरिया को सहलाते हुए चल रहा होगा और मन ही मन सोच रहा होगा कि चाहे कितनी भी कठिनाई आए, वह सुंदरिया को कभी नहीं बेचेगा। उसे यह भी खुशी हो रही होगी कि सुंदरिया ने भी उसके साथ जाने की इच्छा दिखाई — इससे उसे लगा कि उनका प्रेम दोनों तरफ से है। घर पहुँचने पर जवाहरसिंह और परिवार के अन्य सदस्यों की खुशी की कल्पना करके भी उसका मन प्रफुल्लित हो रहा होगा।

भाषा की बात

1नीचे दिए गए मुहावरों का प्रयोग कहानी में किया गया है। कहानी में इन्हें ढूँढ़िए और इनके अर्थ लिखकर अपनी लेखन-पुस्तिका में वाक्य बनाइए — लाज से गड़ जाना, दूध देने में कामधेनु, जी भर जाना, एकटक देखना, आँख लगनाShow solution
  1. लाज से गड़ जाना
  • अर्थ: बहुत अधिक शर्म या लज्जा महसूस करना
  • वाक्य: परीक्षा में नकल करते पकड़े जाने पर राहुल लाज से गड़ गया।
  1. दूध देने में कामधेनु
  • अर्थ: बहुत अधिक दूध देने वाली (कामधेनु — पौराणिक इच्छापूर्ण गाय)
  • वाक्य: हमारी गाय दूध देने में कामधेनु है, वह रोज़ दस लीटर दूध देती है।
  1. जी भर जाना
  • अर्थ: मन भर आना, दुख या भावनाओं से मन का भारी हो जाना
  • वाक्य: बेटे की विदाई देखकर माँ का जी भर आया।
  1. एकटक देखना
  • अर्थ: बिना पलक झपकाए लगातार देखते रहना
  • वाक्य: बच्चे जादूगर के खेल को एकटक देखते रहे।
  1. आँख लगना
  • अर्थ: नींद आ जाना
  • वाक्य: थके होने के कारण बैठे-बैठे ही उसकी आँख लग गई।
2नीचे कुछ वाक्य दिए गए हैं। वाक्यों में रेखांकित शब्द से मिलते-जुलते अर्थ वाले शब्द चुनकर वाक्य पुनः लिखिए।

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3कहानी में से चुनकर कुछ वाक्य नीचे दिए गए हैं। इन्हें ध्यानपूर्वक पढ़िए और इन पर विचार कीजिए। आपको इनका क्या अर्थ समझ आया?

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4रेखांकित शब्द किसके लिए प्रयोग किए गए हैं? पहचानकर लिखिए।

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पाठ से आगे

1नीचे कुछ चित्र दिए गए हैं। इनको देखते हुए अपने समूह में चर्चा कर यह सुझाइए कि हम पशु-पक्षियों के लिए क्या-क्या कर सकते हैं।

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2आपके घर में दूध कहाँ से आता है? यह भी पता कीजिए कि किन-किन पशुओं का दूध पीने के लिए उपयोग किया जाता है।

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3किसी गौशाला अथवा दुग्ध उत्पादन केंद्र (डेयरी फार्म) का भ्रमण कर पता कीजिए कि पशुओं का लालन-पालन कैसे किया जाता है।

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कल्पना की उड़ान

1सेठ के घर से लौटकर जाते हुए हीरासिंह सुंदरिया को बहुत प्यार करता है, उसको सहलाता है एवं उससे बातें करता है। यदि सुंदरिया भी बोल सकती तो कल्पना कीजिए कि सुंदरिया और हीरासिंह के बीच क्या बातचीत होती।

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नाटक-मंचन

1आपने 'सुंदरिया' कहानी पढ़ी। इस कहानी को नाटक के रूप में बदलकर कक्षा में अपने समूह के साथ नाटक-मंचन कीजिए।

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पुस्तकालय एवं अन्य स्रोत

1इस पाठ में दूध की मात्रा को 'सेर' द्वारा दर्शाया गया है जो मापन की एक प्राचीन भारतीय इकाई थी। आप पुस्तकालय से मापन से संबंधित पुस्तकें ढूँढ़कर मापन की अन्य प्राचीन भारतीय इकाइयों का पता लगाइए।

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भूल-भुलैया (बाएँ से दाएँ)

1हीरासिंह कहाँ रहता था?

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2जवाहरसिंह सुंदरिया को क्या कहा करता था?

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3सेठ के यहाँ हीरासिंह को कौन-सी नौकरी मिली?

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4दूध से क्या बनता है?

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5सुंदरिया ने स्वयं को क्या कहा?

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6सुंदरिया सेठ को दिखने में कैसी लगी?

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7हीरासिंह कैसा व्यक्ति था?

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भूल-भुलैया (ऊपर से नीचे)

1गाय का नाम क्या था?

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2मापन की एक प्राचीन इकाई।

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3सुंदरिया को क्या कहा गया है?

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4'दार' प्रत्यय से एक शब्द बनाइए।

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5'सिपुर्द' का अर्थ क्या है?

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21 more solved questions in सुंदरिया

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Frequently Asked Questions

What are the important topics in सुंदरिया for CBSE Class 5 Hindi?
Key topics in सुंदरिया include कहानी का सार, पात्र-चित्रण, मुख्य घटनाएँ क्रम से, भाषा और शब्दार्थ. Study these first, then practise questions on each for Class 5 exams.
Are these NCERT Solutions for सुंदरिया free?
The first 22 of the 43 solutions on this page are open to read. The other 21 are free with a Super Tutor account — signing up is free and needs no card.
How should I revise सुंदरिया for Class 5 exams?
Learn the core ideas first, then work through the 45 practice questions on सुंदरिया. Revise definitions regularly and use flashcards for quick recall before the exam.

Sources & Official References

Content is aligned to the official syllabus. Refer to the board website for the latest curriculum.

For serious students

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